डेस्क:अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को कहा कि उन्होंने कंबोडिया और थाईलैंड के नेताओं से सीधे बात की है, ताकि दोनों देशों के बीच जारी सीमा संघर्ष को रोका जा सके। इस हिंसक टकराव में अब तक कम से कम 33 लोगों की जान जा चुकी है।
स्कॉटलैंड यात्रा के दौरान राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर इस कूटनीतिक पहल की जानकारी दी। उन्होंने लिखा, “अभी-अभी कंबोडिया के प्रधानमंत्री से थाईलैंड के साथ चल रहे युद्ध को रोकने के संबंध में बात की।”
इसके तुरंत बाद उन्होंने लिखा, “मैंने थाईलैंड के कार्यवाहक प्रधानमंत्री से भी बात की, और यह बहुत अच्छी बातचीत रही। थाईलैंड भी, कंबोडिया की तरह, तत्काल युद्धविराम और शांति चाहता है।”
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि वह अब इस संदेश को दोबारा कंबोडिया के प्रधानमंत्री तक पहुंचाएंगे। “दोनों पक्षों से बात करने के बाद ऐसा लगता है कि युद्धविराम, शांति और समृद्धि — ये अब स्वाभाविक रूप से संभव हैं। जल्दी ही परिणाम सामने आएंगे!” उन्होंने कहा।
यह सीमा विवाद प्राचीन मंदिर स्थलों को लेकर वर्षों पुराना है, लेकिन हालिया झड़पें ग्रामीण इलाकों से होते हुए अब तटीय क्षेत्रों तक फैल गई हैं। शनिवार को तीसरे दिन की लड़ाई उस तटवर्ती क्षेत्र में शुरू हुई जो थाईलैंड की खाड़ी के पास स्थित है — यह इलाका मुख्य संघर्ष क्षेत्र से लगभग 250 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में है, जहां रबर और धान की खेती होती है।
स्थिति पर टिप्पणी करते हुए ट्रंप ने लिखा, “मैं इस जटिल स्थिति को सरल बनाने की कोशिश कर रहा हूं! बहुत से लोग मारे जा रहे हैं, लेकिन यह स्थिति भारत और पाकिस्तान के बीच हुए संघर्ष की बहुत याद दिलाती है, जिसे सफलतापूर्वक रोका गया था।”
इसके साथ ही ट्रंप ने चेतावनी दी कि जब तक युद्धविराम नहीं होता, अमेरिका दोनों देशों के साथ व्यापार समझौतों को आगे नहीं बढ़ाएगा। “हम सिर्फ कंबोडिया और थाईलैंड के लिए नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए शांति चाहते हैं,” उन्होंने कहा।
जैसे-जैसे यह संकट गहराता जा रहा है, ट्रंप की सीधी दखलअंदाजी दक्षिण-पूर्व एशिया की सीमाई राजनीति में एक असामान्य लेकिन अहम हस्तक्षेप बन सकती है, जिसका असर आने वाले दिनों में देखने को मिलेगा।













मुख्य समाचार
देश
राज्य-शहर
विदेश
बिजनेस
मनोरंजन
जीवंत

