डेस्क: भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अपने आधिकारिक जमैका दौरे के दौरान वहां के शीर्ष नेतृत्व के साथ व्यापक और महत्वपूर्ण बातचीत की। इस दौरान दोनों देशों के बीच आर्थिक, रणनीतिक और विकासात्मक साझेदारी को और मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
विदेश मंत्री ने जमैका के प्रधानमंत्री और अन्य वरिष्ठ मंत्रियों के साथ बैठक में व्यापार, निवेश, स्वास्थ्य, डिजिटल तकनीक, ऊर्जा तथा क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की। दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की प्रतिबद्धता जताई।
बैठक में यह भी सहमति बनी कि भारत और जमैका के बीच व्यापारिक संबंधों को और विस्तारित किया जाएगा तथा निजी क्षेत्र की भागीदारी को प्रोत्साहित किया जाएगा। भारत ने फार्मास्यूटिकल्स, सूचना प्रौद्योगिकी और बुनियादी ढांचे के क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाओं को रेखांकित किया।
जयशंकर ने कहा कि भारत और जमैका के संबंध केवल कूटनीतिक दायरे तक सीमित नहीं हैं, बल्कि दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक और सांस्कृतिक जुड़ाव भी उतना ही मजबूत है। उन्होंने भारतीय मूल के लोगों के योगदान को इन संबंधों की महत्वपूर्ण कड़ी बताया।
विदेश मंत्री ने “ग्लोबल साउथ” के संदर्भ में भी दोनों देशों के बीच सहयोग बढ़ाने पर बल दिया। उन्होंने जलवायु परिवर्तन, आपदा प्रबंधन और सतत विकास जैसे वैश्विक मुद्दों पर मिलकर काम करने की आवश्यकता जताई।
दौरे के दौरान जयशंकर ने जमैका में बसे भारतीय समुदाय से भी मुलाकात की और भारत-जमैका संबंधों में उनकी भूमिका की सराहना की।
गौरतलब है कि यह दौरा कैरिबियाई देशों के साथ भारत के संबंधों को सुदृढ़ करने की व्यापक पहल का हिस्सा है, जिसके तहत विदेश मंत्री क्षेत्र के अन्य देशों का भी दौरा कर रहे हैं।













मुख्य समाचार
देश
राज्य-शहर
विदेश
बिजनेस
मनोरंजन
जीवंत
