डेस्क : जिले की सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं का खुलासा हुआ है। सरकारी आपूर्ति विभाग की रिपोर्ट के अनुसार गाजियाबाद में 92 हजार से अधिक ऐसे लोग सरकारी राशन का लाभ ले रहे हैं, जो पात्रता की श्रेणी में नहीं आते।
जानकारी के अनुसार, इन अपात्र लाभार्थियों में सरकारी नौकरी करने वाले, आयकरदाता, बड़े मकानों और फ्लैटों के मालिक, तथा आर्थिक रूप से सक्षम परिवार शामिल हैं। इसके बावजूद ये लोग राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत मिलने वाले सस्ते अनाज का लाभ उठा रहे हैं।
रिपोर्ट में बताया गया है कि जिले में राशन कार्ड धारकों के आंकड़ों का विभिन्न सरकारी विभागों के रिकॉर्ड से मिलान किया गया, जिसमें यह गंभीर गड़बड़ी सामने आई। कई मामलों में यह भी पाया गया कि कुछ लाभार्थी आयकर रिटर्न दाखिल कर रहे हैं, जबकि कुछ के पास संपत्ति और वाहन होने के बावजूद वे पीडीएस लाभ प्राप्त कर रहे हैं।
आपूर्ति विभाग के अनुसार, अब ऐसे सभी मामलों की विस्तृत जांच की जा रही है और सत्यापन के बाद अपात्र पाए जाने वाले लाभार्थियों के राशन कार्ड निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। साथ ही, डुप्लीकेट और फर्जी कार्डों की पहचान कर उन्हें सूची से हटाने की कार्रवाई भी की जाएगी।
अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई पारदर्शिता बढ़ाने और केवल वास्तविक जरूरतमंदों तक सरकारी लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से की जा रही है।













देश
राज्य-शहर
विदेश
बिजनेस
मनोरंजन
जीवंत