• Latest
  • Trending
  • All
  • बिजनेस
ईरान में हिंसक प्रदर्शनों के बीच भारत ने जारी की सख्त एडवाइजरी

ईरान में हिंसक प्रदर्शन: 2,000 से अधिक मौतों के बीच अमेरिका-इजरायल पर गंभीर आरोप

January 14, 2026
प्रसिद्ध कृष्णा

भारतीय टीम को झटका: सिराज बाहर, प्रसिद्ध कृष्णा की वापसी

June 9, 2026
जर्जर ढांचा बना हादसे का कारण: धनौती नदी का पुल गिरा, आवागमन ठप

जर्जर ढांचा बना हादसे का कारण: धनौती नदी का पुल गिरा, आवागमन ठप

June 9, 2026
ग्रेट निकोबार में ₹13,000 करोड़ के अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे को मंजूरी

ग्रेट निकोबार में ₹13,000 करोड़ के अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे को मंजूरी

June 9, 2026
न्यूनतम प्रतिरोध से अधिक संतुलन तक: भारत की बदलती परमाणु रणनीति

न्यूनतम प्रतिरोध से अधिक संतुलन तक: भारत की बदलती परमाणु रणनीति

June 9, 2026
हिमालय की बाधाएँ होंगी खत्म: ज़ोजिला टनल से खुलेगा सालभर का रास्ता

ज़ोजिला सुरंग: हिमालय की बर्फ़ में उभरता भारत का संकल्प

June 9, 2026
हाई कोर्ट ने संभल मस्जिद ध्वस्तीकरण रोकने से किया इनकार, वैकल्पिक उपाय सुझाया

नाबालिग लड़कियों की गुमशुदगी पर हाईकोर्ट सख्त

June 9, 2026
संपत्ति और आजीविका का अधिकार सर्वोपरि: NH-29 मामले में हाईकोर्ट का बड़ा फैसला

सेवानिवृत्त रेलकर्मी की हत्या कर शव के टुकड़े करने वाले भाई-बहन को मौत की सजा, बहू को उम्रकैद

June 9, 2026
कानून और ईमानदारी की जीत: केजरीवाल ने मोदी को चुनाव चुनौती दी

ईडी छापों पर गरमाई सियासत, केजरीवाल ने केंद्र पर लगाए गंभीर आरोप

June 9, 2026
बजट से पहले पेट्रोल-डीजल महंगा होने के संकेत, एक्साइज ड्यूटी बढ़ा सकती है सरकार

पेट्रोल-डीजल की कीमतों में राहत नहीं, प्रमुख शहरों में दरें स्थिर

June 9, 2026
खान सर को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, कठोर कार्रवाई पर रोक

खान सर को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, कठोर कार्रवाई पर रोक

June 9, 2026
पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में कदम, लक्षद्वीप में शराब बिक्री को मंजूरी

पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में कदम, लक्षद्वीप में शराब बिक्री को मंजूरी

June 9, 2026
देश में मौसम का डबल असर: कहीं लू का खतरा, कहीं बारिश का दौर

देश के कई राज्यों में बारिश और आंधी का अलर्ट, उत्तर भारत में गर्मी बरकरार

June 9, 2026
  • About
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact
Tuesday, June 9, 2026
  • Login
ON THE DOT
  • मुख्य समाचार
  • देश
    • राज्य-शहर
  • विदेश
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • जीवंत
  • ENGLISH
No Result
View All Result
ON THE DOT
  • मुख्य समाचार
  • देश
    • राज्य-शहर
  • विदेश
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • जीवंत
  • ENGLISH
No Result
View All Result
ON THE DOT
No Result
View All Result
Home मुख्य समाचार

ईरान में हिंसक प्रदर्शन: 2,000 से अधिक मौतों के बीच अमेरिका-इजरायल पर गंभीर आरोप

ON THE DOT TEAM by ON THE DOT TEAM
January 14, 2026
in मुख्य समाचार, विदेश
Reading Time: 1 min read
A A
0
ईरान में हिंसक प्रदर्शनों के बीच भारत ने जारी की सख्त एडवाइजरी

डेस्क : ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के हिंसक होने और मरने वालों की संख्या 2,000 के पार पहुंचने के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। ईरान के राष्ट्रीय सुरक्षा प्रमुख अली लारीजानी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को ईरानी जनता की मौतों का जिम्मेदार ठहराते हुए उन्हें “मुख्य हत्यारा” बताया है।

लारीजानी का यह बयान ऐसे समय आया है जब राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान में जारी हिंसा के विरोध में ईरानी अधिकारियों के साथ प्रस्तावित सभी बैठकों को रद्द कर दिया और प्रदर्शनकारियों से सरकारी संस्थानों पर कब्जा करने की अपील की।

ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के सचिव और पूर्व संसद अध्यक्ष अली लारीजानी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट कर वॉशिंगटन और तेल अवीव पर सीधे आरोप लगाए। उन्होंने लिखा, “ईरानी जनता के असली कातिलों के नाम स्पष्ट हैं—पहला डोनाल्ड ट्रंप और दूसरा बेंजामिन नेतन्याहू।” लारीजानी ने दावा किया कि अमेरिका और इजरायल ईरान में अस्थिरता और हिंसा को बढ़ावा दे रहे हैं।

ट्रंप की तीखी चेतावनी

इससे पहले डोनाल्ड ट्रंप ने ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट साझा कर ईरान के प्रदर्शनकारियों से आंदोलन तेज करने की अपील की थी। उन्होंने लिखा, “ईरानी देशभक्तों, विरोध जारी रखो। अपने संस्थानों पर कब्जा करो। मदद आ रही है।” हालांकि, ट्रंप ने यह स्पष्ट नहीं किया कि यह मदद किस रूप में होगी।

एक इंटरव्यू में ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रदर्शनकारियों को फांसी दी जाती है, तो अमेरिका कठोर कार्रवाई करेगा। उन्होंने यह भी साफ किया कि जब तक हिंसा और हत्याएं नहीं रुकतीं, तब तक ईरान के साथ किसी भी तरह की बातचीत संभव नहीं है।

गृहयुद्ध जैसे हालात की आशंका

मानवाधिकार संगठनों और स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक, पिछले दो हफ्तों में हालात बेहद गंभीर हो चुके हैं। कार्यकर्ताओं का दावा है कि अब तक कम से कम 2,003 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कुछ अंतरराष्ट्रीय स्रोत मृतकों की संख्या 12,000 से 20,000 के बीच बताते हैं। ईरानी सरकारी टेलीविजन ने पहली बार अप्रत्यक्ष रूप से मौतों को स्वीकार करते हुए कहा है कि देश में कई “शहीद” हुए हैं।

प्रदर्शनों की जड़ में ईरान की कमजोर होती अर्थव्यवस्था और मुद्रा का तेज अवमूल्यन बताया जा रहा है, जो अब सत्ता परिवर्तन की मांग में बदल चुका है। हाल के दिनों में ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत की संभावनाओं की चर्चा थी, लेकिन ट्रंप के ताजा रुख ने इन अटकलों पर विराम लगा दिया है।

ट्रंप ने यह भी घोषणा की है कि जो देश ईरान के साथ व्यापार करेंगे, उन पर अमेरिका 25 प्रतिशत आयात शुल्क लगाएगा।

Previous Post

मानवीय व्यापार के चलते ईरान डील पर अमेरिकी शुल्क से भारत को राहत

Next Post

भारत को रॉकेट–मिसाइल फोर्स की जरूरत, भविष्य की जंग के लिए सेना तैयार: जनरल द्विवेदी

Next Post
भारत को रॉकेट–मिसाइल फोर्स की जरूरत, भविष्य की जंग के लिए सेना तैयार: जनरल द्विवेदी

भारत को रॉकेट–मिसाइल फोर्स की जरूरत, भविष्य की जंग के लिए सेना तैयार: जनरल द्विवेदी

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent Posts

  • भारतीय टीम को झटका: सिराज बाहर, प्रसिद्ध कृष्णा की वापसी
  • जर्जर ढांचा बना हादसे का कारण: धनौती नदी का पुल गिरा, आवागमन ठप
  • ग्रेट निकोबार में ₹13,000 करोड़ के अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे को मंजूरी
  • न्यूनतम प्रतिरोध से अधिक संतुलन तक: भारत की बदलती परमाणु रणनीति
  • ज़ोजिला सुरंग: हिमालय की बर्फ़ में उभरता भारत का संकल्प
Stock Market Today by TradingView
  • About
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact
Call us: +91 98330 26960
No Result
View All Result
  • मुख्य समाचार
  • देश
    • राज्य-शहर
  • विदेश
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • जीवंत
  • ENGLISH

Copyright © 2020 ON THE DOT

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In