पुणे : महाराष्ट्र आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) ने पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी से कथित तौर पर सोशल मीडिया के जरिए संपर्क में रहने वाले पुणे जिले के 66 लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। यह कार्रवाई मंगलवार सुबह 7 बजे से शुरू हुई, जिसमें पुणे सिटी पुलिस, पुणे ग्रामीण पुलिस और पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस की मदद ली जा रही है।
एटीएस की ओर से जारी बयान के अनुसार, यह जांच सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से युवाओं को कथित रूप से प्रभावित करने और उन्हें राष्ट्र विरोधी गतिविधियों की ओर आकर्षित करने के प्रयासों की आशंका के आधार पर की जा रही है।
महाराष्ट्र एटीएस ने इससे पहले 10 जुलाई को राज्यव्यापी अभियान शुरू किया था। इस अभियान के तहत भट्टी के संपर्क में रहने के संदेह में राज्यभर के 102 लोगों से पूछताछ की जा रही है। इसके लिए एटीएस की 14 क्षेत्रीय इकाइयों की 58 टीमों को तैनात किया गया है।
जांच एजेंसी के मुताबिक, शुरुआती जांच और विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों से मिले इनपुट में सामने आया है कि शहजाद भट्टी और उसके सहयोगी फेसबुक, इंस्टाग्राम, टेलीग्राम और व्हाट्सऐप जैसे प्लेटफॉर्म पर कई फर्जी या अलग-अलग अकाउंट के जरिए भारतीय युवाओं से संपर्क स्थापित करने की कोशिश कर रहे थे।
एटीएस ने आशंका जताई है कि यह नेटवर्क धार्मिक और सामाजिक रूप से संवेदनशील मुद्दों का इस्तेमाल कर युवाओं में असंतोष पैदा करने और उन्हें कट्टरपंथ की ओर धकेलने का प्रयास कर रहा था। एजेंसी का दावा है कि बेरोजगार और आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं को आर्थिक लालच देकर कथित तौर पर राष्ट्र विरोधी और असामाजिक गतिविधियों में शामिल करने की कोशिश की गई।
जांचकर्ताओं को यह भी संदेह है कि यह नेटवर्क गोपनीय जानकारियां जुटाने, मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध हथियारों की आवाजाही और स्थानीय स्तर पर स्लीपर सेल या एजेंट तैयार करने जैसी गतिविधियों में शामिल हो सकता है।
एटीएस ने आम नागरिकों, खासकर युवाओं से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर अज्ञात या संदिग्ध लोगों से बातचीत करने से बचें। साथ ही अभिभावकों से बच्चों की ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रखने की अपील की गई है। एटीएस ने स्पष्ट किया कि देश की सुरक्षा को नुकसान पहुंचाने वाली किसी भी गतिविधि में शामिल पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।













देश
राज्य-शहर
विदेश
बिजनेस
मनोरंजन
जीवंत