नई दिल्ली: वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने मंगलवार को कहा कि भारत–अमेरिका व्यापार समझौता देश के लोगों के लिए अपार अवसर लेकर आया है और यह भारत को अपने पड़ोसी देशों व प्रतिस्पर्धी अर्थव्यवस्थाओं की तुलना में अब तक का सबसे बेहतर सौदा है।
समझौते की घोषणा के एक दिन बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए गोयल ने कहा कि इस करार में भारत के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच घनिष्ठ संबंधों को श्रेय दिया।
गोयल ने कहा, “प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति ट्रंप के साथ अपने मैत्रीपूर्ण संबंधों और करीबी संवाद का लाभ उठाते हुए अमेरिका के साथ ऐसा व्यापार समझौता किया है, जो न केवल हमारे पड़ोसी देशों बल्कि हमारे साथ प्रतिस्पर्धा करने वाले सभी देशों की तुलना में भारत के लिए सबसे बेहतर है। यह हम सभी के लिए एक शानदार समझौता है।”
मंत्री ने कहा कि सरकार इस समझौते पर संसद में बयान देना चाहती थी, लेकिन विपक्षी दलों के रवैये के कारण ऐसा संभव नहीं हो पाया। उन्होंने कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों—डीएमके, टीएमसी और समाजवादी पार्टी—पर संसद की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाया और कहा कि इसी कारण सरकार को संसद के बजाय मीडिया के माध्यम से जानकारी साझा करनी पड़ी।
पीयूष गोयल ने दोहराया कि यह व्यापार समझौता किसानों, एमएसएमई, उद्यमियों और कुशल श्रमिकों के लिए अभूतपूर्व अवसर खोलेगा। उन्होंने कहा कि इससे मेक इन इंडिया फॉर द वर्ल्ड, डिज़ाइन इन इंडिया फॉर द वर्ल्ड और इनोवेट इन इंडिया फॉर द वर्ल्ड जैसी पहलों को मजबूती मिलेगी, साथ ही अमेरिका से अत्याधुनिक तकनीक तक भारत की पहुंच आसान होगी।
एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट में गोयल ने कहा कि यह समझौता दो बड़े लोकतंत्रों के साझा समृद्धि के लिए साथ काम करने की शक्ति को दर्शाता है और भारत की विकसित भारत 2047 की यात्रा को तेज करेगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व की सराहना करते हुए इसे भारत–अमेरिका संबंधों में ऐतिहासिक मोड़ बताया।
उन्होंने कहा, “यह केवल एक व्यापार समझौता नहीं है, बल्कि भारत–अमेरिका रिश्तों को नई दिशा देने वाला ऐतिहासिक कदम है। यह तकनीकों के सह-विकास, समाधानों के सह-निर्माण और शांति, विकास व उज्ज्वल भविष्य के लिए साझेदारी को मजबूत करेगा।”
यह समझौता ऐसे समय में हुआ है, जब इसके ठीक एक सप्ताह पहले भारत और यूरोपीय संघ ने भी मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर वार्ताएं पूरी करने की घोषणा की थी, जिसे भारत की सबसे रणनीतिक आर्थिक साझेदारियों में एक माना जा रहा है।
इससे पहले सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से बातचीत की और ‘मेड इन इंडिया’ उत्पादों पर शुल्क घटाकर 18 प्रतिशत किए जाने का स्वागत किया। एक्स पर पोस्ट करते हुए प्रधानमंत्री ने भारत के 1.4 अरब लोगों की ओर से राष्ट्रपति ट्रंप का आभार जताया।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “जब दुनिया की दो बड़ी अर्थव्यवस्थाएं और सबसे बड़े लोकतंत्र साथ मिलकर काम करते हैं, तो इससे हमारे लोगों को लाभ होता है और आपसी सहयोग के अपार अवसर खुलते हैं। राष्ट्रपति ट्रंप का नेतृत्व वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए अहम है। भारत उनके शांति प्रयासों का पूरा समर्थन करता है और मैं उनके साथ मिलकर हमारी साझेदारी को अभूतपूर्व ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए तत्पर हूं।”












मुख्य समाचार
देश
राज्य-शहर
विदेश
बिजनेस
मनोरंजन
जीवंत

