डेस्क : देश में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में भारी बढ़ोतरी के बाद राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। 1 मई से लागू नई दरों के अनुसार 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत में करीब ₹993 की बढ़ोतरी की गई है, जिसके बाद राजधानी दिल्ली में इसकी कीमत ₹3000 के पार पहुंच गई है।
इस मुद्दे पर केंद्र सरकार ने सफाई देते हुए कहा है कि यह बढ़ोतरी वैश्विक बाजार की परिस्थितियों का परिणाम है। केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने कहा कि केवल भारत में ही नहीं, बल्कि दुनिया के अन्य देशों में भी ऊर्जा कीमतों में वृद्धि हुई है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति को भी ध्यान में रखें।
सरकार के अनुसार, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का सीधा असर एलपीजी की दरों पर पड़ा है। हालांकि, राहत की बात यह है कि घरेलू रसोई गैस सिलेंडर (14.2 किलोग्राम) की कीमतों में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है।
विपक्ष ने इस बढ़ोतरी को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है और इसे आम जनता व छोटे व्यापारियों पर अतिरिक्त बोझ बताया है। उनका कहना है कि कमर्शियल गैस महंगी होने से होटल, रेस्टोरेंट और छोटे खाद्य व्यवसाय प्रभावित होंगे, जिसका असर आम उपभोक्ताओं की जेब पर भी पड़ेगा।
आर्थिक जानकारों का मानना है कि इस बढ़ोतरी से खाद्य पदार्थों की कीमतों में इजाफा हो सकता है, जिससे महंगाई का दबाव और बढ़ने की आशंका है।













मुख्य समाचार
देश
राज्य-शहर
विदेश
बिजनेस
मनोरंजन
जीवंत
